माना जाता है कि जब दानवों ने देवताओं पर आक्रमण कर उनका राजपाठ छीन लिया था तो मां शक्ति ने दुर्गा और अन्य रूप में दैत्यों का संघार किया था। यह युद्ध नौ दिन तक चला था, इसीलिए इसे नवरात्रि कहा जाता है। इन दिनों मां के भक्त अपने घर पर मां दुर्गा का दरबार लगाते हैं और कलश स्थापना करते हैं। चैत्र नवरात्र में घर में पूजन करने से घर की नकारात्मक ऊर्जा खत्म होती है और घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। इस दौरान पूजा करने वाले साधक को कुछ नियमों का पालन करना चाहिए।