गाजियाबाद के फूड ऑफिसर मनोज कुमार तोमर का कहना है कि होली पर सबसे ज्यादा मिलावट खोये और दूध में होती है। ऐसे में मिलावटखोर इन्हीं में गड़बड़ी करते हैं। उनके अनुसार, खोये में अक्सर शकरकंद और सिंघाड़े का आटा, आलू व मैदा की मिलावट की जाती है। स्टार्च, आयोडीन और आलू मिलाने से इसका वजन बढ़ जाता। मिलावटी मावा असली की तरह दिखे, इसके लिए कुछ केमिकल भी मिलाया जाता है। कुछ दुकानदार मिल्क पाउडर में वनस्पति घी मिलाकर खोया तैयार करते हैं। इसी तरह मिलावटखोर यूरिया, डिटर्जेंट पाउडर, सोडा, स्टार्च, फॉर्मेलिन से सिंथेटिक दूध बनाते हैं। इसे खाने से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी तक हो सकती है।