
रोहिडा गांव पहुंची एम्बुलेंस: फोटो पत्रिका
मेनार (उदयपुर)। अहमदाबाद में एयर इंडिया की फ्लाइट एआई-171 से हुए हादसे में उदयपुर जिले के रोहिड़ा निवासी प्रकाशचंद्र मेनारिया का शव जांच प्रक्रिया के बाद मंगलवार अल सुबह शव पैतृक गांव पहुंचा। जहां दोनों बेटों ने पिता का अंतिम संस्कार किया। डीएनए जांच के सैंपल देने के पांच दिन बाद शव मिल पाया।
मंगलवार अल सुबह शव एम्बुलेंस से पैतृक गांव रोहिड़ा पहुंचा। सुबह-सुबह एम्बुलेंस पहुंचने के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल था। बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं जनप्रतिनिधि दाह संस्कार में शामिल हुए।
रोहिड़ा निवासी प्रकाशचन्द्र मेनारिया के असामयिक निधन से पूरा परिवार शोक में डूबा है। विमान दुर्घटना में उनकी मृत्यु की खबर परिजनों ने उनकी पत्नी टमु बाई को न बताने का निर्णय लिया, ताकि वह गहरे आघात के लिए मानसिक रूप से तैयार हो सके। बेटों और रिश्तेदारों ने हादसे में प्रकाश चन्द्र के निधन की जानकारी छिपाए रखी। मंगलवार को जैसे ही अल सुबह एम्बुलेंस शव लेकर पहुंची और घर के बाहर एकत्रित रिश्तेदारों और ग्रामीणों की भीड़ देख पत्नी टमु बाई बेसुध हो गई। प्रकाश चंद्र के दो बेटे हैं लोकेश और रोशन मेनारिया।
प्रकाश चंद्र मेनारिया लंदन में शेफ थे। एक महीने पहले ही पिता का अंतिम संस्कार करने के लिए पैतृक गांव रोहिड़ा आए थे। 12 जून को जब वे लंदन के लिए रवाना हुए तो उनके साथ रोहिड़ा निवासी उनके मित्र और शेफ वरदीचंद मेनारिया भी थे, इस विमान हादसे में उनकी भी मौत हो गई।
Updated on:
17 Jun 2025 06:15 pm
Published on:
17 Jun 2025 06:15 pm
