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विदेश भागने की फिराक में था श्रीसन फार्मा कंपनी का मालिक, छिंदवाड़ा एसपी का बड़ा बयान

Cough Syrup Case: जहरीले कोल्ड्रिफ कफ सिरप से मासूम बच्चो की मौत के मामले में मध्यप्रदेश पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। श्रीसन फार्मास्युटिकल्स के मालिक रंगनाथन (75) पिता गोविंदन को चेन्नई से दबोचा गया है। वह विदेश भागने की फिराक में था।
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छिंदवाड़ा

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Avantika Pandey

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Updated: 10 Oct 2025, 8:12 AM IST

Poisonous syrup company owner Ranganathan presented in court by police

Poisonous syrup company owner Ranganathan presented in court by police

Cough Syrup Case: जहरीले कोल्ड्रिफ कफ सिरप से मासूम बच्चो की मौत के मामले में मध्यप्रदेश पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। श्रीसन फार्मास्युटिकल्स के मालिक रंगनाथन (75) पिता गोविंदन को चेन्नई से दबोचा गया है। वह विदेश भागने की फिराक में था। उधर, दो और बच्चों ने नागपुर में दम तोड़ दिया। इस तरह छिंदवाड़ा जिले के 21 मासूमों की मौत हो चुकी है। बैतूल जिले के भी दो बच्चे जान गंवा चुके हैं। बैतूल जिले के ग्राम टीकाबरी के हर्ष यदुवंशी की हालत गंभीर है। नागपुर एम्स में वेंटिलेटर पर है। भोपाल एम्स में भर्ती किंजल यादव की विशेषज्ञ डाक्टर दिन में तीन बार जांच कर रहे हैं। उधर, छिंदवाड़ा व पांढुर्ना के करीब 1100 मेडिकल स्टोर पर ताले लगा दिए।

टीम जल्द छिंदवाड़ा लाएगी

छिंदवाड़ा एसपी अजय पांडे ने बताया कि जबलपुर आइजी ने श्रीसन फार्मा कंपनी, बेंगलूरु हाईवे कांचीपुरम (तमिलनाडु) के मालिक रंगनाथन पर 20 हजार का इनाम रखा था। एसआइटी ने उसे ट्रांजिट रिमांड पर लेने कोर्ट में पेश किया। टीम जल्द छिंदवाड़ा लाएगी। एसआइटी के छह सदस्य चेन्नई गए थे। आरोपी का मोबाइल बंद था। उसकी लोकेशन ट्रैस की। शक था कि वह देश छोड़ सकता है। सूत्र बताते है कि रंगनाथन के कई रिश्तेदार विदेश में रहते हैं।

कौन है आरोपी: 80 के दशक में भी उठे थे सवाल

आरोपी रंगनाथन मद्रास मेडिकल कॉलेज से फार्मेसी में स्नातक है। 1980 के दशक में में गर्भवती महिलाओं के लिए प्रोनिट नामक पोषक सिरप बनाया था। तब भी तमिलनाडु के औषधि नियंत्रण विभाग ने प्रोनिट में मौजूद कुछ अवयवों को लेकर चिंता जाहिर की थी, पर रंगनाथन ने लाइसेंस हासिल कर लिया था। समय के साथ व्यापार बढ़ाया। नाक से संबंधित लिक्विड दवा को भी उत्पादों में शामिल किया। श्रीसन कंपनी की स्थापना 1990 में प्रा.लि. के तौर पर की गई। वर्तमान बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में गोविंदन बालासुब्रमण्यन, रंगनाथन गोविंदन, रंगनाथन रानी और रंनाथन गोविंदराजन है। रंगनाथन
आरोपी का मेडिकल कराया गया। गोविंदराजन 2009 में कंपनी का निदेशक बना।