राणा कुम्भ महल एक ऐतिहासिक स्मारक है जहाँ राजपूत राजा महाराणा कुम्भा ने अपना शाही जीवन बिताया। भारत की बेहतरीन संरचनाओं में से एक, यह किला 15वीं शताब्दी में बनकर तैयार हुआ। यह राजपूत वास्तुकला का प्रतीक है और पर्यटकों के बीच बहुत लोकप्रिय है। ऐसा माना जाता है कि इस स्थान में कई भूमिगत कोठियां हैं जहाँ रानी पद्मिनी ने अपने प्रान्त की महिलाओं के साथ जौहर (दुश्मन के द्वारा किये जाने वाले अपमान से अपने आप को बचाने के लिए किया जाने वाला मानद आत्मदाह) किया था। इस महल के पास एक प्राचीन मंदिर है जो भगवान शिव को समर्पित है। इस महल के परिसर में प्रतिदिन पर्यटकों के लिए एक लाइट एंड साउंड शो आयोजित किया जाता है।
1
2
3
4
5
बड़ी खबरें
View AllPatrika Special
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
